"बेटी बचाओ बेटी पढ़ाओ" योजना के अंतर्गत कक्षा 12 वीं उत्तीर्ण बालिकाओं के सर्वांगीण विकास एवं उन्हें विभिन्न प्रतियोगी परीक्षाओं के लिए तैयार करने के उद्देश्य से निःशुल्क "महिला सशक्त वाहिनी" कक्षाओं का शुभारंभ सोमवार को किया गया।
कार्यक्रम में महिला एवं बाल विकास विभाग की सहायक संचालक सुश्री प्रांजली मर्सकोले ने छात्राओं को प्रतियोगी परीक्षाओं, लोक सेवा आयोग की लिखित परीक्षा एवं साक्षात्कार की तैयारी से संबंधित महत्वपूर्ण रणनीतियों की विस्तृत जानकारी दी। उन्होंने छात्राओं का उत्साहवर्धन करते हुए नियमित उपस्थिति, अनुशासन एवं समर्पण के साथ अध्ययन करने का आह्वान किया।
खास बातें
- इच्छुक छात्राएं “ पहले आओ, पहले पाओ ” के आधार पर शीघ्र पंजीयन कर इस निःशुल्क प्रशिक्षण का लाभ प्राप्त कर सकती हैं।
- कक्षाएं प्रतिदिन प्रातः 10 बजे से दोपहर 1 बजे तक संचालित होंगी, जिनमें सामान्य गणित, रीजनिंग एवं सामान्य अध्ययन का प्रशिक्षण दिया जाएगा।
- चयनित बालिकाओं को निःशुल्क पुस्तकें, स्टेशनरी एवं आवश्यक अध्ययन सामग्री भी उपलब्ध कराई जाएगी।
उन्होंने बताया कि इस पहल के अंतर्गत अब तक 47 बालिकाओं का पंजीयन हो चुका है, जबकि 53 सीटें अभी शेष हैं। इच्छुक छात्राएं “ पहले आओ, पहले पाओ ” के आधार पर शीघ्र पंजीयन कर इस निःशुल्क प्रशिक्षण का लाभ प्राप्त कर सकती हैं।
कक्षाएं प्रतिदिन प्रातः 10 बजे से दोपहर 1 बजे तक संचालित होंगी, जिनमें सामान्य गणित, रीजनिंग एवं सामान्य अध्ययन का प्रशिक्षण दिया जाएगा। साथ ही लिखित परीक्षा के साथ शारीरिक दक्षता (फिजिकल टेस्ट) की भी निःशुल्क तैयारी कराई जाएगी। चयनित बालिकाओं को निःशुल्क पुस्तकें, स्टेशनरी एवं आवश्यक अध्ययन सामग्री भी उपलब्ध कराई जाएगी। यह पहल बालिकाओं को गुणवत्तापूर्ण मार्गदर्शन एवं संसाधन उपलब्ध कराकर उन्हें प्रतियोगी परीक्षाओं में सफलता प्राप्त करने के साथ-साथ आत्मनिर्भर एवं सशक्त बनने की दिशा में प्रेरित करेगी।



