जिला मुख्यालय आगर निवासी फरमिदा का सपना गारमेंट्स का अपना व्यवसाय शुरू करना था, लेकिन आर्थिक तंगी के कारण वह आगे नहीं बढ़ पा रही थीं। मुख्यमंत्री उद्यम क्रांति योजना के तहत उन्हें मार्गदर्शन मिला और उन्होंने आईसा गारमेंट्स उद्योग के लिए आवेदन किया। नर्मदा-झाबुआ ग्रामीण बैंक आगर द्वारा उन्हें 50 हजार रुपये का ऋण स्वीकृत किया।

आज फरमिदा ने अपना लघु उद्योग स्थापित कर न केवल स्वयं को आत्मनिर्भर बनाया है, बल्कि अपने इस लघु उद्योग में वह दो अन्य महिलाओं को भी रोजगार प्रदान कर रही है। साथ ही अब वह अपने परिवार का जीवन-यापन भी बेहतर तरीके से कर पा कर रही हैं। इसके लिए फरमिदा ने मुख्यमंत्री डॉ मोहन यादव जी का आभार व्यक्त किया।